kangra

Best No1 Kangra Religious Tourist places & Food

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हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिला के धार्मिक पर्यटन स्थल के बारे में जानेंगे और यहां का प्रसिद्ध भोजन आने-जाने की सुविधा के बारे में जानेंगे तो दोस्त बने रहिए टूरिज्म प्लेस के बारे में जानने के लिए।

history of kangra | कांगड़ा का इतिहास के बारे में पहले जान लेते हैं।

kangra | कांगड़ा

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कांगड़ा हिमाचल प्रदेश के एक प्रमुख पर्यटन जिला शहर है। यहां पर आने वाले पर्यटक की आध्यात्मिकता को जागरूत करता है। और उसे यहां पर घूमने के लिए शांति प्रदान करते हैं। यहां की हरी-भरी घाटी और व्यास नदी के साथ या पर्यटकों को यात्रा करने के लिए अपनी और आकर्षित कर लेता है। कंगड़ा में ब्यास नदी और घाटी के पवित्र में कई जगह उल्लेख भी किया गया है। जो इस शहर को देवभूमि या भगवान की भूमि के रूप में जाना जाता है। यह शहर राज्य सुंदरता और घाटी के मनोरम दृश्य में हर उम्र के लोग के लिए कुछ ना कुछ प्रदान करती है। यह शहर कटोच वंश के लिए घर के रूप में जानते हैं। यह बांस दुनिया के सबसे पुराने शाही राजवंश में से एक है।

kangra valley एक ऐसी घाटी है जो पर्यटक स्थल के अलावा कई तरह के साहसिक खेलों जैसे ट्रैकिंग, पैराग्लाइडिंग को पसंद करने वाले पर्यटक के लिए यह शहर स्वर्ग समान है। इन्हीं सभी के साथ यहां पर पर्यटक वाटर स्पोर्ट का भी आनंद लेते हैं। हिमाचल प्रदेश के शिमला मनाली के पर्यटन स्थल उतना महत्व नहीं देता है कांगड़ा शहर को जितना देना चाहिए। आज भी यह शहर कई अस्थान बड़े ट्रकों को अछूत से है। यहां के कुछ पर्यटन स्थल में पर्याप्त सुविधा ना होने की वजह से पर्यटक यहां पर घूमने के लिए नहीं जाते हैं जो कि यहां पर घूमने का सबसे बड़ा जगह माना जाता है। यह जगह एक बहुत खूबसूरत दृश्य के साथ प्रदान करती है। यहां पर घूमने के लिए बहुत से धार्मिक स्थल है। kangra weather यहां का मौसम बहुत ही अनुकूल रहता है।

kangra fort history in hindi | हिंदी में कांगड़ा किला का इतिहास

kangra fort (कांगड़ा किला) हिमाचल प्रदेश राज्य के कांगड़ा शहर के बाहरी इलाके में धर्मशाला शहर से लगभग 20 किलोमीटर दूरी पर स्थित या प्रमुख पर्यटन स्थल काफी प्रसिद्ध है। यह किला हजारों साल की भव्यता, आक्रमण, युद्ध, धन और विकास का बरा गवाह माना जाता है। यह किला त्रिर्गत साम्राज्य की उत्पत्ति के बारे में बताती है। इसका उल्लेख महाभारत महाकाव्य में देखने को मिलता है। यह किला भारत का सबसे पुराना किला माना जाता है जो व्यास और उसकी सहायक नदी के निचली घाटी पर स्थित है।

यहां के लोगों का मानना है कि इस किले के बारे में जब किले में अकल्पनीय ध्यान रखा गया था जो इस किले के अंदर स्थित बृजेश्वरी मंदिर में बड़ी मूर्ति को चढ़ाया जाता था इसी खजाने की वजह से इस किला पर कई बार आक्रमण और कब्जा करने की कोशिश में रहता था। इस किला का निर्माण लगभग 3500 साल पहले कटोच वंश के महाराजा सुशर्मा चंद्र के द्वारा करवाया था। महाराजा सुशर्मा चंद्र ने महाभारत के वर्णित कुरुक्षेत्र के युद्ध में कर्मों के साथ लड़ाई लड़ी गई थी। इस लड़ाई में पराजित होने के बाद उन्होंने त्रिर्गत साम्राज्य को अपने नियंत्रण में ले लिया था और इस किला को बनवाया था। इस किला में बृजेश्वरी मंदिर को किला के अंदर ही बनवाया गया था। इस मंदिर में भक्तों के द्वारा मूल्यवान उपहार और दान में देते हैं। यहां के लोगों का मानना था कि इस किले में अकाल्पनिक खाजाना हुआ करता था जिसकी वजह से यह किला अन्य शासकों और विदेशी आक्रमणकारियों के द्वारा लूट करने की एक धार्मिक स्थान बन गई थी। यहां पर पहला विदेशी आक्रमण 1009 ईस्वी में गजनी के महमूद गजनवी ने किया था इसके बाद उसके नक्शेकदम पर चलते हुए सुल्तान मोहम्मद बिना तुगलक ने इस किले पर कब्जा कर लिया और उनकी मृत्यु के बाद उनके उत्तराधिकार फिरोज शाह पद संभाले थे।

kangra fort jammu |कांगड़ा किला जम्मू यह किला अभी फिलहाल में खंडहर हो चुका है लेकिन एक बार वहां खड़े होने वाले शाही ढांचे की परिकल्पना आसानी से की जाती है। इस किला में जो एक बहुत खूबसूरत रचना है। इसकी लेके छत पर से शानदार नजारा देखने के लिए मिलता है। kangra fort dharamshala या किला धर्मशाला से लगभग 20 किलोमीटर दूरी पर स्थित है। kangra painting (कांगड़ा चित्र) इस किला में बनाई गई चित्र अभी भी देखने में काफी सुंदर लगता है। यहां की पेंटिंग खूबसूरती ओं में और बढ़ावा देती है। weather in kangra यहां के मौसम में समय कौन सा बदलाव तो होती है परंतु यहां पर पूरे साल ठंड ही रहती है। यदि आप यहां पर यात्रा करने के लिए जाते हैं तो यहां का सबसे प्रसिद्ध kangra tea (कांड़ाग चाय) बहुत ही प्रसिद्ध है यहां पर घूमने के लिए जाते हैं तो इसका स्वाद का टेस्ट जरूर ले। fortis kangra यहां पर बहुत घने जंगल है जो देखने में काफी सुंदर लगता है।

kangra himachal pradesh | कांगड़ा हिमाचल प्रदेश का सबसे प्रमुख और धार्मिक स्थल माना जाता है। यहां पर घूमने के लिए कई सारी धार्मिक स्थान है आप यहां पर आसानी से घूम सकते हैं। ‌kangra temperature समय के अनुसार बढ़ते घटते रहता है। यहां पर घूमने के लिए किसी भी समय आ सकते हैं यहां पर ज्यादातर पर्यटक गर्मियों के समय में छुट्टियां बिताने के लिए आते हैं। kangra temple (कांगड़ा मंदिर) यहां पर अनेक मंदिर है जो कि पूरे शहर में प्रसिद्ध माना जाता है कांगड़ा एक धार्मिक स्थल के रूप में प्रचलित है। kangra pin code 176001

अब हम यहां के प्रसिद्ध मंदिर के बारे में जानेंगे। और यहां पर किस प्रकार भक्त दर्शन के लिए आते हैं उन सभी जानकारियों के बारे में जानेंगे तो दोस्त बने रहे टू रिप्लेस के बारे में जानने के लिए।

baglamukhi temple kangra | बागलामुखी मंदिर कांगड़ा

baglamukhi temple kangra
baglamukhi temple kangra

यह मंदिर कांगड़ा जिले से लगभग 30 किलोमीटर दूर स्थित मंदिर है। यह मंदिर हिमाचल प्रदेश के सबसे प्रसिद्ध मंदिरों में से एक माना जाता है। यह मंदिर ज्वाला जी और चिंतपूर्णी देवी मंदिर दोनों के पास स्थित एक प्रसिद्ध सिद्ध पीठ है। यह मंदिर बाला मुखी देवी के 10 महाविद्याओं मैं से एक को समर्पित है। यहां के लोगों का मानना है कि वह सभी बुराइयों को नष्ट करने वाली है। माना जाता है कि पीला रंग देवी का सबसे पसंदीदा रंग है इसीलिए इस मंदिर को पीले रंग में रंगा गया है। यहां पर भक्तों पीले कपड़े की वस्त्र पहन कर आते हैं। और यहां पर पीले रंग की लड्डू भी चढ़ते हैं। इस मंदिर में पूजा इसलिए भी किया जाता है लोग कानूनी टकराव को जीतने के लिए और अपने दुश्मन को हराने के लिए यहां पर भक्त पूजा करते हैं। ‌ यहां पर व्यापार में समृद्धि होने वाली देवी पूजा भी कर आते हैं नवरात्रि गुरु पूर्णिमा वसंत पंचमी और अन्य विशेष पूजा और भारतीयों सहित मां बगलामुखी मंदिर में कई प्रकार के त्योहार मनाए जाते हैं। यहां पर श्रद्धालु काफी मात्रा में दर्शन के लिए आते हैं।

brajeshwari devi temple | बजेश्वरी मंदिर

यह मंदिर कांगड़ा शहर से भीड़भाड़ वाले बाजार के पीछे में स्थित है। यह हिमाचल प्रदेश का लोकप्रिय हिंदू मंदिर तीर्थ स्थल के रूप में जाने जाते हैं। बजेश्वरी देवी मंदिर यहां का सबसे महत्वपूर्ण आकर्षण में से एक है। यह मंदिर भारत के 51 शक्तिपीठों में से एक माना जाता है। इस मंदिर का निर्माण उस स्थान पर किया गया है जहां पर एक बार प्रसिद्ध अश्वमेध यज्ञ हुआ था। इस मंदिर में वार्षिक मकर संक्रांति त्योहार बहुत धूमधाम और सो के साथ मनाते हैं। यहां के इस शुभ अवसर पर देवी की मूर्ति पर भी लगाया जाता है और एक सौ बार जल डाला जाता है। उसके बाद मूर्ति को फूलों से सजा ते हैं इस उत्सव के दौरान स्थानीय लोग के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश के और देशों के विभिन्न जगहों से श्रद्धालु यहां पर इस उत्सव का आनंद लेने आते हैं और दर्शन के लिए भी आते हैं। kangra brajeshwari devi temple (कांगड़ा बजेश्वरी देवी मंदिर) कांगड़ा शहर का सबसे लोकप्रिय हिंदू मंदिर के रूप में जानते हैं।

baijnath temple | बैजनाथ मंदिर

या मंदिर पालमपुर से लगभग 16 किलोमीटर दूर पर स्थित है यह हिमाचल प्रदेश में सबसे लोकप्रिय मंदिर माना जाता है यहां पर भगवान शिव को हीलिंग के देवता के रूप में पूजे जाते हैं यह भगवान शिव का एक अवतार है। baijnath mahadev temple (बैजनाथ महादेव मंदिर) इस मंदिर से होकर गुजरने वाले पवित्र जल अशुद्धियों के रूप में गुण करती है जिससे कई बीमारियों ठीक हो जाती है। यहां पर लाखों श्रद्धालु दर्शन ने के लिए आते हैं। baijnath temple himachal pradesh (बैजनाथ मंदिर हिमाचल प्रदेश) का सबसे लोकप्रिय मंदिर है। baijnath temple himachal (बैजनाथ मंदिर हिमाचल) में आने वाले पर्यटक के लिए सबसे प्रसिद्ध मंदिर के रूप में जाने जाते हैं।

indrahar pass | इंद्राहार दर्रा

जो पर्यटक को प्राकृतिक पहाड़ों के ऊपर बर्फ से ढके प्रकृति को देखना पसंद करते हैं उसके लिए इंद्राहार दर्रा सबसे लोकप्रिय स्थान है। indrahar pass trek यहां पर पर्यटक ट्रैकिंग के दौरान यहां की ऊंचाइयों पर के विभिन्न श्रृंखलाओं की प्राकृतिक सुंदरता को देख सकते हैं। indrahar pass temperature (इंद्राहार दर्रा तापमान) समय के अनुसार बढ़ते घटते रहता है। indrahar pass weather यहां का मौसम बहुत ही अनुकूल रहता है।

jwala devi temple | ज्वाला देवी मंदिर

यह मंदिर हिमाचल प्रदेश कांगड़ा जिले में स्थित है। ‌jwala devi temple himachal pradesh (ज्वाला देवी मंदिर हिमाचल प्रदेश) 51 शक्तिपीठों में से एक मानी जाती है। या मंदिर ज्वाला जी को समर्पित है। यहां के लोगों का मानना है कि यह मंदिर उस जगह पर स्थित है जहां देवी सती की जीव गिरी हुई थी। एक पौराणिक कथा के अनुसार जंगल में अपने मवेशी को चराने के दौरान एक पहाड़ से लगातार धधकती आग देखिए और उस घटना के बाद राजा को बताया उसके बाद इस जगह पर मंदिर का निर्माण किया गया यहां के लोगों का मानना है कि या मंदिर में पूजा करने वाले भक्तों की इच्छा जरूर पूरी की जाती है यहां पर सबसे प्रसिद्ध आने वाले पर्यटक नारियल चढ़ाते हैं। jwala devi temple himachal (ज्वाला देवी मंदिर हिमाचल) का सबसे प्रसिद्ध मंदिर माना जाता है।

chamunda devi temple history in hindi | चामुंडा देवी मंदिर का इतिहास हिंदी में

या मंदिर 51 शक्तिपीठों में से एक चामुंडा देवी मंदिर है। इसे पहाड़ी मंदिर भी कहा जाता है जो वानर नदी के तट पर स्थित है। chamunda devi temple (चामुंडा देवी मंदिर) यहां का सबसे अधिक पूजनीय धार्मिक स्थल में से एक है। चामुंडा देवी मंदिर दुर्गा के सबसे शक्तिशाली अवतार में से एक कहा जाता है नवरात्रि चामुंडा देवी मंदिर का एक प्रमुख उत्सव के रूप में मनाए जाते हैं यहां पर इस दौरान बड़ी मात्रा में भक्तों द्वारा मंदिर में दर्शन के लिए आते हैं। chamunda devi temple himachal pradesh (चामुंडा देवी मंदिर हिमाचल प्रदेश) का सबसे आदर्श मंदिर माना जाता है।

kareri lake | करेरी झील

यह झील हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में धर्मशाला से लगभग 9 किलोमीटर पश्चिम में धोलधारा श्रेणी में स्थित है यह झील ताजा पानी का झील माना जाता है। समुद्र तल से लगभग 2934 मीटर की ऊंचाई पर है। kareri lake trek (करेरी झील ट्रैक) के लिए सबसे लोकप्रिय स्थान मानते हैं। kareri lake weather यहां का मौसम बहुत ही अनुकूल रहता है। kareri lake temperature यहां का तापमान समय के अनुसार बढ़ते घटते रहता है। यहां पर पर्यटक दिसंबर से मार्च सर्दियों के महीने में बेहद आकर्षित होते हैं। इन महीनों में पर्यटक ज्यादातर यात्रा के लिए आते हैं। masrur temple यह मंदिर यहां का सबसे प्रसिद्ध मंदिरों में से एक माना जाता है। masrur धर्मशाला के सबसे नजदीकी है। kangra art museum यहां के संग्रहालय में विभिन्न गतिविधियों दिखाई देते हैं। kangra art museum dharamshala के सबसे नजदीकी संग्रहालय है। यहां के सबसे प्रसिद्ध संग्रहालय माना जाता है।

palampur | पालमपुर

palampur
palampur

the story of village palampur (पालमपुर गांव की कहानी) यहां पर ज्यादातर चाय की खेती की जाती है। यहां से चाय 90% देश से बाहर भेजे जाते हैं। places to visit in palampur यहां पर घूमने के लिए बहुत सारी पर्यटन स्थल है जो ऊपर बताया गया है। taragarh palace यह जगह पालमपुर का सबसे प्रसिद्ध जगह मानी जाती है। taragarh palace palampur यहां पर पर्यटक ट्रेकिंग के लिए भी ज्यादातर आते हैं यहां की चाय के बागान देखने में काफी सुंदर लगते हैं और यहां की भूमि ताजगी से भरी रहती है। यदि आप पालमपुर घूमने के लिए आते हैं तो यहां की चाय का आनंद अवश्य ले।

palampur hotels

Norwood Green Resort by Lamrin

RS Sarovar Portico

Rakkh Resort

Mastiff Villa Camellia

POPS Hotel and Restaurant

Jai Hotel And Restaurant

Local food in Kangra | कांगड़ा का सबसे प्रसिद्ध स्थानीय भोजन

Kangra Religious Tourist places
Kangra Religious Tourist places

यहां के क्षेत्र का खाना मसाले से सुज्जित राती है। यहां के सबसे प्रमुख व्यंजनों में कालन के पकोड़े, भृंगी, बरहा की चटनी सिरा फफरु का साग प्याज लहसुन और अन्य मसालों के साथ बनाया जाता है। यहां का लसोड की सब्जी, छोली की खीर, कुल्फा का साग, आडु सब्जी और नाशपाती की सब्जी खाने में शामिल रहते हैं। यदि आप शहर के विभिन्न भागों और छोटे होटलों में कई तरह के भोजन का स्वाद ले सकते हैं।

How to reach Kangra | कांगड़ा कैसे पहुंचे

यदि आप कांगड़ा घूमने जाने के बारे में सोच रहे तो आप यह भी सोचते होंगे हमें जाने के लिए किस चीज से अच्छी होगी तो दोस्त अभी आप फ्लाइट के माध्यम से जानना चाहते हैं तो हम आपको बता दें कि kangra airport यहां के सबसे निकटतम हवाई अड्डा गग्गल हवाई अड्डा जो कांगड़ा से लगभग 11 किलोमीटर दूरी पर स्थित है यह हवाई अड्डा बड़े-बड़े शहरों से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। यदि आप ट्रेन के माध्यम से आना चाहते हैं तो हम आपको बता दें कि यहां के सबसे निकटतम रेलवे स्टेशन कांगड़ा घाटी के भीतर स्थित है। लेकिन यह एक टॉय ट्रेन स्टेशन है। यह देश के अन्य शहरों से रेल मार्ग नहीं जुड़ी हुई है। कांगड़ा का निकटतम रेलवे स्टेशन पठानकोट रेलवे स्टेशन है जो तकरीबन 87 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।

यदि आप सड़क मार्ग के माध्यम से आना चाहते हैं तो कांगड़ा नई दिल्ली से लगभग 450 किलोमीटर दूरी है। इसीलिए आप नई दिल्ली से बस में यात्रा कर सकते हैं और यहां तक आसानी से पहुंच सकते हैं। यहां के सबसे नजदीकी प्रमुख शहर चंडीगढ़ है जो 6 से 7 घंटा की दूरी की सफर करनी पड़ती है। यह शहर अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। pathankot to kangra train पठानकोट से कांगड़ा टॉय ट्रेन के माध्यम से आ सकते हैं। delhi to kangra flight दिल्ली से कांगड़ा के निकटतम गग्गल हवाई अड्डा के लिए नियमित समय से फ्लाइट उड़ान भड़ती है।

Best No1 Bhrigu Lake Tourist Places & Famoum Food

निष्कर्ष

तो दोस्त आज हमने हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिला के धार्मिक पर्यटन स्थल के बारे में जानने और यहां का सबसे प्रसिद्ध भोजन और आने जाने की सुविधा के बारे में जाने यदि आपको यह पोस्ट अच्छी लगी हो तो आप हमें कमेंट बॉक्स में कमेंट करके बता सकते हैं। यदि आप कांगड़ा जाने की तैयारी कर रहे तो आपकी यात्रा कुशल मंगल हो। धन्यवाद

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